दिग्विजय महाविद्यालय में उद्यमिता विकास कार्यक्रम का समापन

शासकीय दिग्विजय महाविद्यालय के रोजगार एवं मार्गदर्षन प्रकोष्ठ के तत्वाधान में दिनांक 24.09.2018 से प्रारंभ होकर दिनांक 01.10.2018 को लगातार एक सप्ताह चले उद्यमिता विकास कार्यक्रम का समापन हुआ कार्यक्रम के समापन में उर्जा के वैकल्पीक संसाधनो जैसे सोलर उर्जा ,वायु उर्जा एवं जैवीय उर्जा की उपयोगिता पर विषेष रूप से प्रकाष डाला। उद्यमिता विकास कार्यक्रम का महाविद्यालय में यह लगातार तीसरा वर्ष रहा।
इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देष्य यह था कि ऐसे सभी छात्र छात्रायें महाविद्यालय में अध्ययन के पश्चात नौकरी प्राप्त नही कर पाते ऐसे छात्रों को लघु उद्योग स्थापित करनें के लिए प्रेरित करना । इस कार्यक्रम के दौरान लघु उद्योग एवं उससे संबधित संसाधन, सरकारी योजनाएॅ तथा उनका प्रबंध पर सूक्ष्मता पूर्वक जानकारी दी गई। विषय विषेषज्ञ के रूप में प्रो. ए.एस. कार्ले सेवा निवृत्त प्राध्यापक एवं ए.के. वैद्य जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र राजनांदगांव के प्रबंधक ने छात्र छात्राओं स्वरोजगार से संबधित महत्वपूर्ण जानकारीयां प्रदान की। इस कार्यक्रम के अन्तर्गत छात्र छात्राओं को स्थानीय लघु उद्योगो का भ्रमण कराया गया।
ज्ञातव्य हो कि इस उद्यमिता विकास प्रषिक्षण के कार्यक्रम में षासकीय दिग्विजय महाविद्यालय के विज्ञान विषय के स्नातक एवं स्नातकोत्तर के कुल 75 छात्र छात्राओं ने अपनी सहभागिता दी। इस कार्यक्रम में छात्रों ने षिक्षण पूर्ण होने के पश्चात स्वयं का उद्योग कैसे स्थापित किया जाए इस पर विस्तार से प्रषिक्षण प्राप्त किया। कार्यक्रम में लगातार इस विषय पर उद्योग क्षेत्र एवं उद्योग विभाग से जुड़े हुए विषय विषेषज्ञो एवं अधिकारीयों नें छात्रों को प्रषिक्षण प्रदान किया। छात्रों नें विषय पर विस्तृत ज्ञान प्राप्त करनें के लिए कुछ ऐसे लघु उद्योगो का भ्रमण किया जो उन्हे भविष्य में अपनें स्वयं का उद्योग प्रारंभ करनें में सहायक सिध्द होगा। उक्त कार्यक्रम में पावर प्वांइट प्रदर्षन के द्वारा लघु उद्योगो की फिल्में भी छात्रो के मार्गदर्षन के लिए प्रसारित की गई। उक्त अवसर पर प्रतिभागी छात्र छात्राओं को सिटकाॅन के द्वारा प्रमाण पत्र भी प्रदान किये गये। समापन अवसर पर अपने विचार प्रकट करते हुए महाविद्यालय के प्राचार्य डाॅ. आर. एन. सिंह ने रोजगार एवं मार्गदर्षन प्रकोष्ठ के तत्वाधान में संपन्न हुए इस उद्यमिता विकास कार्यक्रम की प्रषंसा की और समिति के सदस्योें एवं छात्र छात्राओं को बधाई एवं षुभकामनायें प्रेषित करते हुए कहा कि इस तरह के कार्यक्रम छात्रों में स्वरोजगार की प्रेरणा देते है और बेरोजगारी की समस्या को हल करनें में सहायक सिद्ध होते है। उन्होने इस समापन कार्यक्रम में छात्र छात्राओं से कहा कि वें सिर्फ नौकरी की तलाष न करें बल्कि स्वयं का उद्योग स्थापित कर जरूरतमंदो को रोजगार भी प्रदान करें। इस सपंूर्ण कार्यक्रम के दौरान कार्यक्रम के संयोजक श्री दीपक गायकवाड एंव रोजगार एवं मार्गदर्षन प्रकोष्ठ के सहासक श्री रवि कुमार साहू सक्रिय रूप से इस कार्यक्रम का सचांलन एवं प्रबंध किया और छात्र छात्राओं को मार्गदर्षन प्रदान किया। कार्यक्रम के समापन अवसर पर रोजगार एवं मार्गदर्षन प्रकोष्ठ के संयोजक डाॅ. संजय ठिसके सदस्य डाॅ. षैलेन्द्र सिंह, डाॅ. के. एन. प्रसाद, डाॅ. एच. एस. अलरेजा, एवं श्री रवि कुमार साहू उपस्थित थे।